
मूसलाधार बारिश ने खोली जलनिकासी व्यवस्था की पोलतालाब बनी सड़क से चप्पल हाथ में लेकर स्कूल जाने को मजबूर हुए बच्चेपुरानी गली में बारिश थमने के बाद भी नहीं निकला पानी, नगर पंचायत की कार्यप्रणाली पर उठे सवालखेतासराय(जौनपुर) शनिवार को हुई मूसलाधार बारिश ने नगर पंचायत की जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी।
बारिश के बाद नगर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बनी रही। कस्बे के पुरानी गली स्थित वार्ड नंबर 13 भटियारीसराय के गोलाबाजार मार्ग पर बारिश थमने के बाद भी सड़क पर गंदा पानी जमा रहा। इससे राहगीरों के साथ स्कूली बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।सड़क पर पानी इतना अधिक जमा था कि वह तालाब जैसी नजर आ रही थी। इसी रास्ते से स्कूल से लौट रहे नन्हे-मुन्ने बच्चों को गंदे पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ा। पानी में जूते-चप्पल खराब न हों, इसके लिए कई बच्चों ने उन्हें पैरों से उतारकर हाथ में उठा लिया और किसी तरह जलभराव पार किया।
बच्चों के इस तरह पानी से होकर गुजरने का वीडियो भी इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुआ, जिसके बाद नगर की जलनिकासी व्यवस्था को लेकर लोगों में चर्चा शुरू हो गई।स्थानीय लोगों का कहना है कि जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर बारिश में वार्ड के लोगों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ता है। बारिश थमने के बाद भी काफी देर तक पानी जमा रहने से लोगों को आवागमन में दिक्कत होती है। गंदे पानी के बीच से होकर गुजरने से स्कूली बच्चों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।लोगों ने नगर पंचायत प्रशासन से जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त कराने और जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है।
लोगों का सवाल है कि बारिश हर साल होगी, लेकिन क्या हर बार नौनिहालों को चप्पल हाथ में लेकर इसी तरह पानी से होकर स्कूल आना-जाना पड़ेगा? लगातार सामने आ रही जलभराव की तस्वीरें नगर पंचायत की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही हैं। अब देखना है कि नगर पंचायत प्रशासन की तंद्रा कब भंग होती है और लोगों को इस समस्या से स्थायी राहत कब मिलती है।इनसेट में वर्ज़न-इस संबंध में एजाज अहमद ने बताया कि जलभराव की समस्या सीवर प्रोजेक्ट के चलते उत्पन्न हुई है। इस समस्या का निदान के लिए मेरे प्रस्ताव का टेंडर हो गया है। जल्द ही कार्य शुरू कराया जाएगा। जल्द ही समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा।

















